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November 2023

नामुमकिन ********* नहीं पढ़ी होती हयग्रीव की कथा तो मैं भी तुम्हारे द्वारा लगातार परोसी गालियां खाते हुए लगातार मुस्कुराता नहीं वत्स ! वेदों को चुराने तक तो क्षम्य था …

बेटी की याद *********** खिड़की या दरवाजे से बारिश का नजारा देखते जब कभी चेहरे तक आ जाती बौछारें मुझे तेजी से बेटी की याद आने लगती जो अमरावती के …

हमारा चाहने वाला **************** हमारा चाहने वाला जरुरत से ज्यादा अपेक्षाएं करने लगता है हमसे तो वह हमारे लिए स्वादिष्ट भोजन की तरह होकर भी उदरशूल उठाता वायुविकारी हो जाता …

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